Toyota Glanza
Toyota Glanza टोयोटा ने अपनी सबसे किफायती कार ग्लैंजा की कीमत में ₹15,800 तक की बढ़ोतरी की है। नई कीमतों के साथ फीचर्स वही, लेकिन अब ज्यादा खर्च करना पड़ेगा। पूरी डिटेल्स और प्रभावित मॉडल्स चेक करें।

भारतीय ऑटोमोबाइल मार्केट में टोयोटा ग्लैंजा हमेशा से बजट खरीदारों की फेवरेट रही है। यह कार सुजुकी स्विफ्ट का रीबैज्ड वर्जन है, जो किफायती कीमत, अच्छी माइलेज और विश्वसनीयता के लिए जानी जाती है। लेकिन 2026 की शुरुआत में ही टोयोटा ने एक बड़ा फैसला लिया—ग्लैंजा की कीमतों में ₹15,800 तक का इजाफा कर दिया! यह अपडेट फरवरी 2026 में लागू हुआ, जब कंपनी ने अपनी पूरी लाइनअप की कीमतों में संशोधन किया।
अब सबसे बेसिक वैरिएंट E की कीमत ₹6,86,000 (एक्स-शोरूम) हो गई है, जो पहले ₹6,70,200 थी। इसी तरह, टॉप वैरिएंट V की कीमत अब ₹9,74,000 तक पहुंच गई है। यह बढ़ोतरी उन मध्यम वर्ग के परिवारों के लिए झटका है जो ग्लैंजा को अपनी पहली कार के रूप में चुनते हैं। लेकिन क्या यह बढ़ोतरी सिर्फ कीमतों का खेल है, या इसके पीछे कुछ मजबूत कारण हैं? आइए इस ब्लॉग में विस्तार से जानते हैं कि टोयोटा ने ऐसा क्यों किया, और इसका भारतीय कार बाजार पर क्या प्रभाव पड़ेगा।
कीमतों में बढ़ोतरी का बैकग्राउंड
Toyota Glanza 2019 में लॉन्च हुई थी और तब से यह कंपनी की सबसे सस्ती कार रही है। 2024 में इसे BS6 फेज-2 कंप्लायंट अपडेट मिला, लेकिन अब 2026 में कीमतों में यह बड़ा हाइक आया है। कंपनी के मुताबिक, यह बढ़ोतरी इनपुट कॉस्ट के बढ़ने से हुई है। आइए देखें मुख्य कारण:
कॉम्पोनेंट्स की महंगाई:
- सेमीकंडक्टर चिप्स, बैटरी और अन्य पार्ट्स की कीमतें वैश्विक सप्लाई चेन की समस्या से बढ़ गई हैं।
- भारत में इलेक्ट्रॉनिक कंपोनेंट्स पर आयात शुल्क भी बढ़ा है।
रॉ मैटेरियल्स का दाम:
स्टील, एल्युमीनियम और प्लास्टिक जैसे मटेरियल्स की कीमतें 2025 में 10-15% ऊपर चढ़ गईं, जो कार निर्माण को महंगा बनाता है।
कॉर्पोरेट टैक्स और रेगुलेटरी बदलाव:
सरकार की नई EV सब्सिडी पॉलिसी और सेफ्टी नॉर्म्स (जैसे 6 एयरबैग्स का अनिवार्य होना) ने लागत बढ़ाई है।
कॉम्पिटिशन का दबाव:
- मारुति सुजुकी, हुंडई और टाटा जैसी कंपनियां अपनी कारों की कीमतें बढ़ा रही हैं,
- तो टोयोटा को भी बाजार संतुलन बनाए रखने के लिए कदम उठाना पड़ा।
टोयोटा इंडिया के प्रवक्ता ने कहा, “यह समायोजन ग्राहकों की वैल्यू को बनाए रखते हुए कंपनी की सस्टेनेबिलिटी सुनिश्चित करता है।” लेकिन कई एक्सपर्ट्स का मानना है कि यह बढ़ोतरी कंपनी की प्रॉफिट मार्जिन बढ़ाने का तरीका भी है, खासकर जब EV शिफ्ट के बीच पेट्रोल कारों की डिमांड कम हो रही है।
नई कीमतों का ब्रेकडाउन
टोयोटा ग्लैंजा की नई कीमतें (एक्स-शोरूम, दिल्ली) इस प्रकार हैं:
| वैरिएंट | पुरानी कीमत (₹) | नई कीमत (₹) | बढ़ोतरी (₹) |
|---|---|---|---|
| E (बेस) | 6,70,200 | 6,86,000 | 15,800 |
| S | 7,49,000 | 7,64,800 | 15,800 |
| S (AMT) | 7,89,000 | 8,04,800 | 15,800 |
| V | 8,54,000 | 8,69,800 | 15,800 |
| V (AMT) | 8,94,000 | 9,09,800 | 15,800 |
यह बढ़ोतरी सभी वैरिएंट्स पर एकसमान ₹15,800 है, जो लगभग 2-3% का हाइक है। ऑन-रोड कीमत में यह और बढ़कर ₹20,000-25,000 तक हो सकती है, क्योंकि RTO, इंश्योरेंस और अन्य चार्जेस भी लागू होते हैं। अच्छी बात यह है कि टोयोटा ने कुछ डिस्काउंट ऑफर भी चालू किए हैं, जैसे एक्सचेंज बोनस या कॉर्पोरेट स्कीम, जो इस बढ़ोतरी को थोड़ा कम कर सकते हैं।
ग्राहकों पर क्या असर पड़ेगा?
यह कीमत बढ़ोतरी उन लोगों को सबसे ज्यादा प्रभावित करेगी जो 7-10 लाख के बजट में कॉम्पैक्ट हैचबैक ढूंढ रहे हैं। Toyota Glanza की खासियतें—जैसे 22-23 kmpl माइलेज, 1.2L पेट्रोल इंजन (89 PS पावर), AMT ऑटोमैटिक ट्रांसमिशन, 7-इंच टचस्क्रीन, एंड्रॉयड ऑटो/एप्पल कारप्ले और 5-स्टार NCAP सेफ्टी—अब थोड़ी महंगी लगेंगी।
- बजट खरीदार: पहले जो लोग ग्लैंजा को पहली कार के रूप में चुनते थे, अब वे मारुति स्विफ्ट (₹6.49 लाख से शुरू) या हुंडई ग्रैंड i10 नियोस (₹5.92 लाख) की ओर रुख कर सकते हैं।
- मिडिल क्लास फैमिली: शहर में डेली कम्यूटिंग के लिए यह कार परफेक्ट थी, लेकिन अब EMI बढ़ने से कई लोग दो साल इंतजार करेंगे।
- सेकंड-हैंड मार्केट: पुरानी ग्लैंजा की वैल्यू बढ़ सकती है, क्योंकि नई कार महंगी हो गई है।
- EV शिफ्ट: टोयोटा की bZ4X जैसी EV कारें अभी महंगी हैं, तो यह हाइक पेट्रोल कारों को छोड़ने का बहाना बन सकता है।
एक सर्वे के मुताबिक, 40% ग्राहक कीमत बढ़ोतरी से निराश हैं, जबकि 30% मानते हैं कि क्वालिटी के लिए यह जायज है। वाराणसी जैसे शहरों में, जहां ट्रैफिक और फ्यूल कॉस्ट हाई है, यह बढ़ोतरी और महसूस होगी।
क्यों है टोयोटा का यह कदम स्मार्ट?
टोयोटा की यह रणनीति सिर्फ कीमत बढ़ाने तक सीमित नहीं है। कंपनी ने साथ में कुछ अपडेट्स भी दिए हैं:
- नए फीचर्स: कुछ वैरिएंट्स में LED हेडलाइट्स, क्रूज कंट्रोल और इम्प्रूव्ड इंफोटेनमेंट सिस्टम जोड़े गए हैं।
- वारंटी एक्सटेंशन: अब 3 साल/1 लाख किमी की स्टैंडर्ड वारंटी के साथ एक्सटेंडेड ऑप्शन सस्ता मिलेगा।
- फ्यूल एफिशिएंसी: माइलेज में मामूली इम्प्रूवमेंट (24 kmpl तक) से लॉन्ग टर्म में सेविंग होगी।
- मार्केटिंग: टोयोटा अब “रिलायबल एंड अफोर्डेबल” पर फोकस कर रही है, और डीलरशिप पर फाइनेंसिंग स्कीम्स से ग्राहकों को आकर्षित करेगी।
एक्सपर्ट्स कहते हैं कि यह हाइक भारतीय ऑटो इंडस्ट्री का ट्रेंड है—2025 में 70% कंपनियों ने कीमतें बढ़ाईं। टोयोटा की सेल्स 2025 में 2 लाख यूनिट्स के करीब रही, और यह बढ़ोतरी सेल्स को 5-7% प्रभावित कर सकती है, लेकिन कंपनी का मार्केट शेयर मजबूत रहेगा।
निष्कर्ष: क्या Toyota Glanza अभी भी वैल्यू फॉर मनी है?
- टोयोटा ने ग्लैंजा को महंगा कर दिया, और अब ₹15,800 ज्यादा चुकाने पड़ेंगे—यह सच है।
- लेकिन अगर आप विश्वसनीयता, कम मेंटेनेंस और अच्छी रीसेल वैल्यू चाहते हैं,
- तो यह अभी भी सबसे सस्ती कारों में टॉप पर है।
- बजट टाइट है? तो मारुति या हुंडई देखें, या डिस्काउंट का इंतजार करें।
2026 में EV और हाइब्रिड कारें सस्ती हो रही हैं, तो शायद यह हाइक पेट्रोल कारों का आखिरी झटका हो। अगर आप वाराणसी या यूपी के किसी शहर में रहते हैं, तो लोकल डीलर से बात करके बेस्ट डील निकालें। टोयोटा ग्लैंजा अभी भी एक स्मार्ट चॉइस है, बस थोड़ी ज्यादा जेब ढीली करनी पड़ेगी। क्या आप इस बढ़ोतरी से सहमत हैं? कमेंट्स में बताएं!
