बिहार भूमि सुधार योजना
बिहार भूमि सुधार योजना बिहार सरकार ने भूमि सुधार में बड़ा कदम उठाया है। अब एक ही आवेदन से पूरे परिवार की जमीन का दाखिल‑खारिज और बंटवारा किया जा सकेगा। जानिए कैसे नया ऑनलाइन सिस्टम किसानों का समय और मेहनत दोनों बचाएगा।

बिहार सरकार ने राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग के माध्यम से एक क्रांतिकारी कदम उठाया है। अब बंटवारा दाखिल-खारिज पोर्टल के जरिए एक ही आवेदन से पूरे परिवार की जमीन का नामांतरण संभव हो गया है। यह सुविधा 27 दिसंबर 2025 से बिहार भूमि पोर्टल पर उपलब्ध है, जो पारिवारिक विवादों को कम करेगी।
पुरानी प्रक्रिया की समस्याएं
पहले पारिवारिक भूमि बंटवारे के बाद हर सदस्य को अलग-अलग दाखिल-खारिज कराना पड़ता था। इससे समय, पैसे और कागजी कार्रवाई में भारी परेशानी होती थी। कई बार बिचौलियों के चक्कर में अतिरिक्त खर्च और विवाद बढ़ जाते थे।
उप मुख्यमंत्री विजय कुमार सिन्हा ने इस समस्या को दूर करने के निर्देश दिए थे। विभागीय प्रधान सचिव सीके अनिल की टीम ने कम समय में नई व्यवस्था तैयार की। अब मौखिक बंटवारे को भी आसानी से रिकॉर्ड में दर्ज किया जा सकेगा।
बिहार भूमि सुधार योजना : नई व्यवस्था कैसे काम करेगी
- बिहार भूमि पोर्टल पर दाखिल-खारिज सेवा के तहत एक आवेदन सबमिट करें।
- इसमें परिवार के सभी सदस्यों के नाम, जमीन का विवरण और बंटवारा शेड्यूल शामिल होगा।
- आवेदन स्वीकृत होने पर सभी के नाम एक साथ जमाबंदी में दर्ज हो जाएंगे।
यह प्रक्रिया पूरी तरह ऑनलाइन है, जिससे पारदर्शिता बढ़ेगी। तकनीकी समस्या पर टोल फ्री नंबर 18003456215 पर मदद मिलेगी। सरकार ने मौखिक बंटवारे वाले परिवारों से अपील की है कि वे जल्द आवेदन करें।
आवेदन के लिए जरूरी दस्तावेज
- जमीन की मौजूदा जमाबंदी और खाता विवरण।
- परिवार के सभी सदस्यों के आधार कार्ड, मोबाइल नंबर।
- बंटवारा सहमति पत्र सभी हिस्सेदारों के हस्ताक्षर के साथ।
- पूर्वजों का मृत्यु प्रमाण पत्र यदि लागू हो।
पोर्टल पर लॉगिन कर RTPS सेवा चुनें। फॉर्म भरें, दस्तावेज अपलोड करें और शुल्क जमा करें। स्टेटस ऑनलाइन ट्रैक करें। पारिवारिक सदस्यता सूची पहले से हो तो बेहतर।
फायदे और महत्व
- यह सुविधा भूमि विवादों को कम करेगी, जो बिहार में आम हैं।
- सरकारी योजनाओं का लाभ लेना आसान होगा।
- बिचौलियों का दखल खत्म हो जाएगा।
- पहले स्टांप शुल्क 100 रुपये ही था, लेकिन प्रक्रिया जटिल थी।
- अब डिजिटल तरीके से सब सरल।
- राजस्व महा-अभियान के तहत भी ऐसे कदम उठाए जा रहे हैं।
भविष्य की संभावनाएं
- नीतीश सरकार भूमि सुधारों पर जोर दे रही है।
- यह पोर्टल अन्य राज्यों के लिए मॉडल बन सकता है।
- बिहारवासियों को अब कानूनी रूप से मजबूत स्वामित्व मिलेगा।
- विवाद कम होने से विकास तेज होगा।
अभी तक मौखिक बंटवारा करने वाले परिवारों के लिए सुनहरा अवसर। जल्द आवेदन करें ताकि भविष्य में परेशानी न हो। अधिक जानकारी के लिए biharbhumi.bihar.gov.in देखें।
