VinFast
VinFast टाटा-MG को पीछे छोड़ इस EV कंपनी ने 120 दिन में 1000+ यूनिट बेचे। कम रेंज, सस्ती कीमत पर धूम। फीचर्स, रिव्यू और क्यों हिट। EV मार्केट अपडेट।

वियतनाम की इलेक्ट्रिक कार कंपनी विनफास्ट (VinFast) ने भारत में अपने इलेक्ट्रिक व्हीकल्स के जरिए बाजार में तहलका मचा दिया है, जहां टाटा और एमजी जैसी बड़ी कंपनियों को पीछे छोड़कर विनफास्ट ने सिर्फ 120 दिनों में 1000 से ज्यादा यूनिट्स बेच डाली हैं और इसकी इलेक्ट्रिक कारों पर लोग टूट पड़े हैं।
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VinFast का भारत में धमाल
विनफास्ट ने सितंबर 2025 में भारतीय बाजार में अपनी इलेक्ट्रिक कारों की एंट्री की थी, और अब तक सिर्फ चार महीने के अंदर ही इसने 1000 से ज्यादा इलेक्ट्रिक कारों की बिक्री का आंकड़ा पार कर लिया है। इस तेजी से बिक्री बढ़ने के बाद विनफास्ट भारत की इलेक्ट्रिक कार बाजार में चौथी सबसे बड़ी कंपनी बन गई है, जहां टाटा मोटर्स, जेएसडब्ल्यू एमजी मोटर और महिंद्रा इलेक्ट्रिक के बाद इसका नाम आता है।
इस तेजी का सबसे बड़ा सबूत यह है कि विनफास्ट ने दिसंबर 2025 में ही अपने दो इलेक्ट्रिक एसयूवी – VF6 और VF7 – के जरिए बीएमडब्ल्यू, मर्सिडीज, हुंडई और किआ जैसी प्रीमियम ब्रांड्स को भी पीछे छोड़ दिया था, जिससे साफ हो गया कि भारतीय ग्राहक इस वियतनामी ब्रांड पर भरोसा कर रहे हैं।
VF6 और VF7: वो कारें जिन पर टूटे लोग
विनफास्ट ने भारत में अपनी दो इलेक्ट्रिक एसयूवी – VF6 (कॉम्पैक्ट इलेक्ट्रिक एसयूवी) और VF7 (मिड-साइज इलेक्ट्रिक एसयूवी) को लॉन्च किया है, जो दोनों ही डिजाइन, टेक्नोलॉजी और फीचर्स के मामले में बहुत आकर्षक हैं। VF6 की एक्स-शोरूम कीमत लगभग 17.29 लाख रुपये से शुरू होती है, जबकि VF7 की कीमत 21.89 लाख रुपये से शुरू होती है, जो इसे 16–25 लाख रुपये के सबसे एक्टिव सेगमेंट में रखता है।
VF7 ने तो खासकर जबरदस्त प्रदर्शन किया है और 2025 के अंत तक इसकी 565 यूनिट्स बिक चुकी थीं, जबकि VF6 की 476 यूनिट्स बिकीं, जिससे दोनों मॉडल्स की कुल बिक्री 1041 यूनिट्स तक पहुंच गई। इनमें ज्यादातर ग्राहकों ने प्रीमियम “इन्फिनिटी” ट्रिम चुनी, जो दिखाता है कि लोग इस ब्रांड को लग्जरी और टेक-सैवी ऑप्शन के तौर पर देख रहे हैं।
क्यों टूटे लोग विनफास्ट पर?
- विनफास्ट की कारों पर लोगों का इतना ज्यादा झुकाव कई कारणों से है।
- सबसे पहले, इन इलेक्ट्रिक एसयूवी में बहुत आकर्षक डिजाइन है –
- बोल्ड ग्रिल, शार्प बॉडी लाइन्स, एलईडी लाइट्स और बड़े व्हील्स,
- जो इन्हें शहर में बहुत अच्छा लुक देते हैं।
- इसके अलावा, इंटीरियर भी बहुत प्रीमियम लगता है,
- जिसमें बड़ा टचस्क्रीन इंफोटेनमेंट सिस्टम, डिजिटल इंस्ट्रूमेंट क्लस्टर,
- एम्बिएंट लाइटिंग और अच्छी क्वालिटी के सीट्स दिए गए हैं।
- दूसरा बड़ा कारण है टेक्नोलॉजी और फीचर्स।
- विनफास्ट की कारों में एडवांस्ड ड्राइवर असिस्टेंस सिस्टम,
- वायरलेस कनेक्टिविटी, एप्प-बेस्ड रिमोट कंट्रोल,
- लंबी रेंज और फास्ट चार्जिंग जैसी सुविधाएं हैं,
- जो भारतीय यूजर्स को बहुत आकर्षित करती हैं।
- इसके अलावा, विनफास्ट ने भारत में लोकल मैन्युफैक्चरिंग और
- फैक्ट्री-फिटेड इलेक्ट्रिक व्हीकल्स के जरिए ग्राहकों का भरोसा बढ़ाया है।
नेटवर्क और चार्जिंग इंफ्रास्ट्रक्चर
- विनफास्ट ने भारत में बहुत तेजी से अपना सेल्स और सर्विस नेटवर्क बनाया है।
- सिर्फ चार महीने में ही इसने 25 से ज्यादा डीलरशिप और 80 से ज्यादा सर्विस सेंटर्स खोल दिए हैं,
- जो ग्राहकों को आसानी से सेल्स, सर्विस और सपोर्ट मिलने में मदद करते हैं।
- इस तेज नेटवर्क एक्सपेंशन ने लोगों को यह भरोसा दिलाया है कि
- यह ब्रांड लंबे समय तक भारत में रहेगा और उनकी कार की सर्विस और स्पेयर पार्ट्स की चिंता नहीं करनी पड़ेगी।
इसके साथ ही, विनफास्ट ने चार्जिंग इंफ्रास्ट्रक्चर पर भी जोर दिया है। कंपनी ने भारत के मुख्य शहरों में फास्ट चार्जिंग स्टेशन्स लगाए हैं और घर पर चार्जिंग सॉल्यूशन भी दिए हैं, जिससे इलेक्ट्रिक कार चलाने में आसानी होती है।
टाटा और एमजी को टक्कर क्यों?
- टाटा और एमजी जैसी बड़ी कंपनियों के बावजूद विनफास्ट की इतनी तेज बिक्री के पीछे कई कारण हैं।
- सबसे बड़ा कारण है इसका राइट प्राइस बैंड –
- 16 से 25 लाख रुपये के बीच की कीमत उन लोगों के लिए परफेक्ट है,
- जो टाटा नेक्सॉन या एमजी जैसी कारों से आगे बढ़कर एक प्रीमियम इलेक्ट्रिक एसयूवी चाहते हैं।
इसके अलावा, विनफास्ट ने अपने मार्केटिंग और ब्रांडिंग में भी बहुत अच्छा काम किया है। इसकी एडवरटाइजिंग, डीलरशिप एक्सपीरियंस और डिजिटल प्रेजेंस ने युवा और टेक-सैवी ग्राहकों को खास तौर पर आकर्षित किया है। इसके अलावा, इलेक्ट्रिक कार बाजार में तेजी से बढ़ती मांग ने भी विनफास्ट को फायदा पहुंचाया है, जहां 2025 में भारत में इलेक्ट्रिक कारों की बिक्री 1.76 लाख यूनिट्स तक पहुंच गई।
निष्कर्ष: विनफास्ट का भविष्य भारत में
विनफास्ट ने सिर्फ 120 दिनों में 1000 से ज्यादा यूनिट्स बेचकर यह साबित कर दिया है कि भारतीय ग्राहक नए ब्रांड्स को भी तब तक स्वीकार करते हैं, जब वे अच्छी डिजाइन, बेहतर टेक्नोलॉजी और ठीक-ठाक कीमत देते हैं। अगर विनफास्ट इसी तरह से अपने नेटवर्क, चार्जिंग इंफ्रास्ट्रक्चर और नए मॉडल्स को लॉन्च करती रही, तो यह भारत के इलेक्ट्रिक कार बाजार में टाटा और एमजी के साथ टक्कर लेने वाली टॉप ब्रांड बन सकती है।
