आजमगढ़ के शंभूपुर गांव में
आजमगढ़। उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ जिले के अहरौला थाना क्षेत्र के शंभूपुर गांव में पूजा-पाठ के दौरान शुरू हुआ विवाद बेहद दर्दनाक घटना में बदल गया। पुलिस और परिजनों से सामने आई जानकारी के मुताबिक, अरविंद सिंह ने अपनी पत्नी बबीता सिंह और पूजा कराने आए दो पुरोहितों की गोली मारकर हत्या कर दी। इसके बाद वह बच्चों को लेकर घर के अंदर बंद हो गया। कई घंटे चले पुलिस ऑपरेशन के बाद आरोपी की भी मौत हो गई। इस घटनाक्रम में बाद में उसके एक बच्चे की भी इलाज के दौरान मौत की जानकारी सामने आई।
घर में कई दिनों से चल रहा था पूजा-पाठ
परिजनों के अनुसार, अरविंद सिंह के घर में पिछले कुछ दिनों से धार्मिक अनुष्ठान और महामृत्युंजय जाप कराया जा रहा था। परिवार की ओर से इसके पीछे पुराने पारिवारिक घटनाक्रम और कथित आध्यात्मिक परेशानियों को वजह बताया गया है।
अरविंद की मां श्यामबला देवी के अनुसार, पूजा में कई पुरोहित शामिल थे। मंगलवार शाम अरविंद जब घर पहुंचा तो उसने वहां पूजा होते देख पुरोहितों से सवाल-जवाब शुरू किए।
पंडितों से आधार कार्ड मांगने को लेकर हुआ विवाद
परिजनों के बयान के मुताबिक, अरविंद ने पूजा करा रहे पुरोहितों से उनका आधार कार्ड मांगना शुरू किया। इसी बात को लेकर बातचीत बढ़ती गई और माहौल तनावपूर्ण हो गया।
बताया गया कि पत्नी बबीता ने पुरोहितों के साथ विवाद न करने की बात कही। इसके बाद स्थिति अचानक बिगड़ गई और अरविंद ने कथित तौर पर अपनी लाइसेंसी पिस्टल से फायरिंग कर दी। गोलीबारी में बबीता और दो पुरोहितों की मौत हो गई।
बच्चों को लेकर घर में बंद हो गया आरोपी
घटना के बाद अरविंद अपने बच्चों को लेकर घर के अंदर एक कमरे में बंद हो गया। सूचना मिलने के बाद पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंचे। पुलिस के सामने सबसे बड़ी चुनौती बच्चों को सुरक्षित बाहर निकालना थी।
कई घंटे तक पुलिस ने बातचीत के जरिए अरविंद को बाहर आने के लिए समझाने का प्रयास किया। घर के आसपास सुरक्षा घेरा बनाया गया और स्थिति को नियंत्रित करने के लिए विशेष टीमों को भी लगाया गया।
*पुलिस कार्रवाई में आरोपी की मौत
पुलिस के अनुसार, लंबे समय तक बातचीत के बाद भी स्थिति सामान्य नहीं हुई। बाद में घर के भीतर से फायरिंग की स्थिति बनी और पुलिस ने कार्रवाई की। ऑपरेशन के दौरान अरविंद गंभीर रूप से घायल हुआ और उसकी मौत हो गई।
पुलिस की कार्रवाई के दौरान बच्चों को सुरक्षित बाहर निकालने का प्रयास किया गया। घटनाक्रम में एक बच्चे के घायल होने और बाद में इलाज के दौरान उसकी मौत की जानकारी भी सामने आई है।
पुराने पारिवारिक विवाद का भी सामने आया जिक्र
अरविंद की मां ने परिवार के पुराने घटनाक्रम का जिक्र करते हुए बताया कि वर्ष 2018 में उनके बड़े बेटे सुनील सिंह की हत्या के बाद अरविंद काफी परेशान रहने लगा था।
परिवार के पुराने विवाद और उस हत्या के मामले से जुड़े लोगों को लेकर भी परिजनों ने कई बातें कही हैं। हालांकि इन दावों की स्वतंत्र पुष्टि और घटना की वास्तविक वजह का अंतिम निर्धारण जांच के बाद ही स्पष्ट होगा।
एक ही परिवार पर टूटा दुखों का पहाड़
घटना के बाद शंभूपुर गांव में मातम पसरा हुआ है। कुछ ही घंटों में एक परिवार के
कई सदस्यों की जान चली गई। अरविंद की मां के सामने अब परिवार के
बचे बच्चों की जिम्मेदारी का सवाल भी खड़ा हो गया है।
घटना ने धार्मिक अनुष्ठान, पारिवारिक तनाव, हथियारों की मौजूदगी और
बच्चों की सुरक्षा से जुड़े कई गंभीर सवाल भी खड़े किए हैं।
पुलिस जांच में सामने आएगी असली वजह
फिलहाल पुलिस पूरे घटनाक्रम की जांच कर रही है। घटनास्थल से साक्ष्य जुटाए गए हैं और
घटना से जुड़े लोगों के बयान लिए जा रहे हैं। जांच के बाद ही यह स्पष्ट होगा कि विवाद की
शुरुआत किस वजह से हुई और गोलीबारी तक मामला कैसे पहुंचा।
परिजनों की ओर से बताए गए पुराने विवाद और पूजा-पाठ से जुड़े दावों की भी जांच की जा रही है।
इसलिए किसी एक कारण को अंतिम वजह मानना जांच पूरी होने से पहले उचित नहीं होगा।
निष्कर्ष
आजमगढ़ के शंभूपुर गांव की यह घटना कई परिवारों को गहरे सदमे में छोड़ गई है।
पूजा के दौरान शुरू हुआ विवाद कुछ ही समय में हिंसक घटना में बदल गया और
कई लोगों की जान चली गई। पुलिस अब पूरे मामले की
कड़ियों को जोड़कर घटनाक्रम की वास्तविक वजह और परिस्थितियों की जांच कर रही है।
FAQ
Q1. आजमगढ़ में यह घटना कहां हुई?
यह घटना आजमगढ़ जिले के अहरौला थाना क्षेत्र के शंभूपुर गांव में हुई।
Q2. घटना में किन लोगों की मौत हुई?
प्रारंभिक और बाद की जानकारी के अनुसार आरोपी अरविंद सिंह की पत्नी बबीता और
दो पुरोहितों की गोलीबारी में मौत हुई। बाद में आरोपी की भी पुलिस कार्रवाई के दौरान मौत हुई और
उसके घायल बच्चे की इलाज के दौरान मृत्यु की जानकारी सामने आई।
Q3. विवाद की शुरुआत किस बात को लेकर हुई थी?
परिजनों और प्रारंभिक जानकारी के अनुसार पूजा करा रहे पुरोहितों से आधार कार्ड मांगने को लेकर विवाद शुरू हुआ था।
Q4. घटना के बाद आरोपी ने क्या किया?
आरोपी बच्चों को लेकर घर के अंदर बंद हो गया था, जिसके बाद
पुलिस ने कई घंटे तक उसे बाहर निकालने का प्रयास किया।
Q5. क्या घटना की पूरी वजह स्पष्ट हो गई है?
नहीं। पुलिस जांच जारी है। परिजनों ने पुराने पारिवारिक विवाद और पूजा-पाठ से जुड़े
अलग-अलग कारण बताए हैं, जिनकी स्वतंत्र जांच की जा रही है।
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