जमुई में नाबालिग छात्र-छात्रा
बिहार के जमुई जिले में नाबालिग छात्र-छात्रा के साथ कथित बदसलूकी और मारपीट का वीडियो सोशल मीडिया पर सामने आने के बाद मामला तेजी से चर्चा में आया है। घटना के बाद पुलिस ने कार्रवाई करते हुए तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। मामले की जांच के लिए विशेष जांच दल यानी एसआईटी का गठन किया गया है।
पुलिस के मुताबिक घटना से संबंधित प्राथमिकी जमुई थाना कांड संख्या 428/26 के तहत 21 सितंबर 2026 को दर्ज की गई है। इसमें भारतीय न्याय संहिता की संबंधित धाराओं के साथ पॉक्सो अधिनियम की धाराएं भी लगाई गई हैं। पुलिस का कहना है कि वीडियो में दिखाई देने वाले अन्य लोगों की भूमिका की भी जांच की जा रही है।
19 सितंबर की घटना का वीडियो हुआ वायरल
प्राप्त जानकारी के अनुसार घटना 19 सितंबर की शाम की बताई जा रही है। बताया गया है कि नाबालिग छात्र-छात्रा के साथ रास्ते में कुछ लोगों ने कथित तौर पर अभद्र व्यवहार किया। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर प्रसारित होने के बाद पुलिस और प्रशासन ने मामले को गंभीरता से लिया।
पुलिस ने लोगों से अपील की है कि नाबालिगों से संबंधित वीडियो को डाउनलोड या सोशल मीडिया पर दोबारा साझा न किया जाए। वीडियो को इंटरनेट से हटाने के लिए टेकडाउन की कार्रवाई भी शुरू की गई है।
तीन आरोपी गिरफ्तार, बाकी की तलाश जारी
जमुई पुलिस ने बताया है कि वायरल वीडियो के आधार पर आरोपियों की पहचान की गई और अब तक तीन लोगों को गिरफ्तार किया गया है। अन्य संदिग्धों की भूमिका की जांच की जा रही है और गिरफ्तारी के लिए छापेमारी जारी है।
मामले की जांच एसआईटी कर रही है। एसआईटी का नेतृत्व अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी दीप्ति मोनाली के स्तर से किए जाने की जानकारी सामने आई है।
पॉक्सो एक्ट के तहत दर्ज हुआ मामला
पुलिस के अनुसार मामले में भारतीय न्याय संहिता की धारा 74, 76 और 3(5) तथा पॉक्सो अधिनियम की धारा 8 और 12 के तहत प्राथमिकी दर्ज की गई है। जांच एजेंसी घटना से जुड़े वीडियो, आरोपियों की भूमिका और उपलब्ध साक्ष्यों की जांच कर रही है।
राष्ट्रीय महिला आयोग ने भी लिया संज्ञान
मामला सामने आने के बाद राष्ट्रीय महिला आयोग ने भी स्वतः संज्ञान लिया है। आयोग की ओर से बिहार पुलिस से मामले में की गई कार्रवाई की रिपोर्ट मांगे जाने की जानकारी सामने आई है। बिहार राज्य महिला आयोग की ओर से भी मामले को लेकर जानकारी लेने की बात सामने आई है।
कांग्रेस ने 22 सितंबर को प्रदर्शन का ऐलान किया
घटना को लेकर बिहार कांग्रेस ने राज्यभर में प्रदर्शन करने की घोषणा की है। प्रदेश कांग्रेस की ओर से जिला और प्रखंड मुख्यालयों पर 22 सितंबर को धरना-प्रदर्शन आयोजित करने के लिए संगठन के स्थानीय पदाधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं।
कांग्रेस की ओर से पीड़ितों को न्याय दिलाने, मामले में शामिल लोगों पर कार्रवाई और महिलाओं एवं बालिकाओं की सुरक्षा को लेकर सरकार से जवाब मांगने की बात कही गई है।
राहुल गांधी ने भी उठाए सवाल
कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने सोशल मीडिया पोस्ट के माध्यम से जमुई की घटना पर प्रतिक्रिया दी और आरोपियों के खिलाफ पॉक्सो कानून के तहत कार्रवाई की मांग की। उन्होंने बिहार सरकार से भी घटना को लेकर जवाब मांगा।
यह राजनीतिक प्रतिक्रिया है। दूसरी ओर, प्रशासन और पुलिस की ओर से मामले में कानूनी कार्रवाई और जांच जारी होने की जानकारी दी गई है।
वीडियो शेयर करने से क्यों बचना चाहिए?
नाबालिग से संबंधित संवेदनशील वीडियो को सोशल मीडिया पर साझा करना पीड़ित की निजता और गरिमा को प्रभावित कर सकता है। जमुई पुलिस ने भी लोगों से वीडियो को आगे प्रसारित नहीं करने की अपील की है।
इसलिए इस मामले से जुड़ी जानकारी साझा करते समय पीड़िता की पहचान, चेहरा, नाम,
पता या ऐसी कोई जानकारी प्रकाशित नहीं की जानी चाहिए जिससे उसकी पहचान उजागर हो।
अब तक मामले में क्या-क्या हुआ?
- 19 सितंबर को घटना होने की जानकारी सामने आई।
- घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर प्रसारित हुआ।
- पुलिस ने मामले का संज्ञान लेकर प्राथमिकी दर्ज की।
- पॉक्सो अधिनियम के तहत धाराएं लगाई गईं।
- जांच के लिए एसआईटी गठित की गई।
- पुलिस ने तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया।
- अन्य संदिग्धों की भूमिका की जांच जारी है।
- वायरल वीडियो को हटाने की प्रक्रिया शुरू की गई।
- राष्ट्रीय महिला आयोग ने मामले का संज्ञान लिया।
- बिहार कांग्रेस ने 22 सितंबर को जिला और प्रखंड मुख्यालयों पर प्रदर्शन का कार्यक्रम घोषित किया है।
निष्कर्ष
जमुई में नाबालिग छात्र-छात्रा से कथित बदसलूकी का मामला फिलहाल पुलिस जांच के अधीन है।
तीन गिरफ्तारियों के बाद एसआईटी अन्य पहलुओं की जांच कर रही है। राष्ट्रीय महिला आयोग की सक्रियता और
राजनीतिक दलों की प्रतिक्रियाओं के बीच अब जांच की अगली कार्रवाई पर नजर है।
FAQ
प्रश्न 1: जमुई में क्या मामला सामने आया है?
जमुई में नाबालिग छात्र-छात्रा के साथ कथित बदसलूकी और मारपीट का वीडियो
सोशल मीडिया पर सामने आने के बाद पुलिस ने कार्रवाई शुरू की है।
प्रश्न 2: जमुई मामले में कितने आरोपी गिरफ्तार हुए हैं?
पुलिस के अनुसार 21 सितंबर 2026 तक तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है।
अन्य लोगों की भूमिका की जांच जारी है।
प्रश्न 3: क्या जमुई मामले में पॉक्सो एक्ट लगाया गया है?
हां। पुलिस के अनुसार प्राथमिकी में पॉक्सो अधिनियम की धारा 8 और
12 सहित भारतीय न्याय संहिता की संबंधित धाराएं लगाई गई हैं।
प्रश्न 4: क्या मामले की जांच के लिए एसआईटी बनाई गई है?
हां। पुलिस ने मामले की जांच के लिए विशेष जांच दल यानी एसआईटी गठित की है।
प्रश्न 5: क्या राष्ट्रीय महिला आयोग ने मामले का संज्ञान लिया है?
हां। राष्ट्रीय महिला आयोग ने मामले का स्वतः संज्ञान लेकर बिहार पुलिस से कार्रवाई संबंधी रिपोर्ट मांगी है।
प्रश्न 6: कांग्रेस ने जमुई मामले को लेकर क्या कार्यक्रम घोषित किया है?
बिहार कांग्रेस ने 22 सितंबर को जिला और प्रखंड मुख्यालयों पर धरना-प्रदर्शन करने की घोषणा की है।
प्रश्न 7: क्या वायरल वीडियो शेयर करना चाहिए?
नहीं। पुलिस ने नाबालिगों से संबंधित संवेदनशील वीडियो को डाउनलोड या आगे शेयर नहीं करने की अपील की है।
प्रश्न 8: घटना कब की बताई जा रही है?
पुलिस और उपलब्ध रिपोर्टों के अनुसार घटना 19 सितंबर 2026 की
शाम की बताई जा रही है। मामले की जांच जारी है।
read this post :IIT बॉम्बे में 18 मांगों पर बनी सहमति, साहिल वाकोडे की मौत की स्वतंत्र जांच की मांग; प्रोफेसर दूल्ला निलंबित
